अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक बार फिर अपने बयानों को लेकर चर्चा में हैं। हाल ही में इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी पर टिप्पणी करने के बाद अब उन्होंने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर को निशाने पर लिया है। ट्रंप ने दावा किया कि कीर स्टारमर अपने पद से इस्तीफा देंगे, क्योंकि वे इमिग्रेशन और ऊर्जा जैसे दो अहम मुद्दों पर पूरी तरह असफल रहे हैं। ट्रंप ने कहा कि स्टारमर की नीतियां ब्रिटेन के लिए फायदेमंद साबित नहीं हुईं और इन दोनों क्षेत्रों में उनकी सरकार की विफलता साफ दिखाई दे रही है। उन्होंने यह भी कहा कि वह स्टारमर के अच्छे भविष्य की कामना करते हैं। हालांकि, ट्रंप के इस बयान ने ब्रिटेन की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। दरअसल, पिछले कुछ महीनों से ट्रंप और कीर स्टारमर के बीच रिश्तों में खटास देखने को मिल रही है। ट्रंप पहले भी ब्रिटिश प्रधानमंत्री की आलोचना कर चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया था कि ब्रिटेन द्वारा अमेरिकी सेना को ब्रिटिश सैन्य ठिकानों के इस्तेमाल की अनुमति नहीं देने से दोनों देशों के पारंपरिक और करीबी संबंधों को नुकसान पहुंचा है। दोनों नेताओं के बीच बढ़ते तनाव की एक बड़ी वजह ईरान को लेकर ट्रंप के बयान भी माने जा रहे हैं। स्टारमर ने ईरान के खिलाफ ट्रंप की आक्रामक टिप्पणियों की खुलकर आलोचना की थी और कहा था कि वह ऐसे बयानों से परेशान हो चुके हैं। यह पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने किसी सहयोगी देश के नेता पर सार्वजनिक रूप से टिप्पणी की हो। इससे पहले भी वह कई विश्व नेताओं को लेकर विवादित बयान देते रहे हैं, जिनकी वजह से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राजनीतिक चर्चाएं तेज होती रही हैं।